होलिरड़ा में श्री राम महायज्ञ में राम व जानकी जी की जीर्ण मूर्ति का उत्यापन किया

भीलवाड़ा समाचार 
सवाईपुर ( सांवर वैष्णव ):- सवाईपुर क्षेत्र के होलिरड़ा गांव में मूर्ति व कलश स्थापना महोत्सव को लेकर नौ दिवसीय सप्त कुण्डिय श्री राम महायज्ञ के चौथे दिन शुक्रवार को स्थापित देवी-देवताओं का आहवान कर हवन कुंड में आहुतियां लगाई, वही चारभुजा नाथ मंदिर पर भगवान श्री राम व जानकी जी की जीर्ण मूर्ति का उत्यापन किया । ग्रामीणों ने बताया कि चारभुजानाथ मंदिर में श्री राम व जानकी जी की मूर्ति स्थापना, श्री हनुमानजी मंदिर पर कलश स्थापना एवं श्री वीर तेजाजी महाराज के नवनिर्मित मंदिर पर कलश और घोड़ी की स्थापना के उपलक्ष में नौ दिवसीय सप्त कुण्डिय श्री राम महायज्ञ का आयोजन किया जा रहा । महायज्ञ की शुरूआत मंगलवार को भव्य कलश यात्रा व प्रभात फेरी के साथ हुई । यज्ञाचार्य गोपाललाल भट्ट दोवनी ने बताया कि चौथे दिन शुक्रवार को प्रातः 7:15 बजे स्थापित देवी देवताओं की पूजन की, सुबह 9:15 बजे चारभुजानाथ मंदिर पर राम-जानकी की जीर्ण मूर्ति का उत्यापन किया गया, इस दौरान पडितों के वैदिक मंत्रोच्चार के साथ 13 जोड़ों ने आहुतियां लगाई । इसके बाद सुबह 11:30 बजे स्थापित देवताओं का हवन किया गया । दोपहर 2:15 बजे श्री हनुमान सहस्त्र नाम हवन किया । सायं 4:30 बजे राम जानकी की नुतन मूर्तियों का शरर्कराधिवास किया गया, वही सायं 5:15 बजे आरती की गई । इस दौरान 9 हवन कुंडों पर 41 जोड़ों ने पंडितों के वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शस्त्र नामावली की 1 लाख 11 हजार 111 आहुतियां लगाई । ग्रामीणों ने बताया कि गुरुवार रात्रि को  तेजा गायन का कार्यक्रम आयोजित हुआ, जिसमे बंटी सेन एंड पार्टी सुरास के द्वारा अलगोजा की धुन पर तेजा गायन किया, अलगोजा की धुन के साथ ढोलक, ताल व मजीरे पर तेजाजी महाराज की महिमा का गुणगान किया, अलगोजा की धुन पर तेजा गायन पर श्रद्धालु भाव विभोर होकर नाचे झुमने लगे । वही रात्रि में लगने वाले मेले में आसपास के दर्जनों गांवों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं में पहुंचकर मेले में लगे, डॉलर चकरी, झूले आदि का लुप्त उठाया, ग्रामीण अंचल की महिलाओं ने मेले से घरेलू सामानों की जमकर खरीददारी की । वही 17 जून बुधवार को प्रातः 8:21 बजे से 9:14 बजे तक मूर्ति व कलश की स्थापना की जाएगी तथा दोपहर 12:00 बजे महायज्ञ की पूर्णाहुति होगी, इसके बाद प्रसादी का भोग लगाकर वितरण किया जाएगा ।।


नौ दिनों तक दुग्ध की डेयरी बंद, दुग्ध मंदिर पर

ग्रामीणों ने बताया की 9 जून से ही गांव में लगी सभी दूग्ध की डेयरी बंद है, कोई भी ग्रामीण दूध को डेयरी पर नहीं ले जा रहा है, जिसके पास जितना भी दूग्ध है,वह उस दूग्ध को तेजाजी मंदिर पर लेकर पहुंच रहे, यहां जमा दुग्ध से आने वाले भक्तों व ग्रामीणों को दुग्ध, चाय व कॉफी बनाई जा रही । मेला परिसर में कोई चाय की थड़ी नहीं लगाई गई । इसके अलावा जो भी दुग्ध बचता है उसका मक्खन बनाते हैं ।।

 

प्रतिदिन शाम को बन रहा भोजन, देर रात तक चलता भंडारा

ग्रामीणों ने बताया कि श्री राम महायज्ञ में प्रतिदिन शाम का भोजन मेला प्रांगण में बन रहा है, जो भंडारा देर रात चलता है । समस्त ग्रामीणों द्वारा से 9 दिनों तक शाम का भोजन बनाया जा रहा हैं, शाम के समय में गांव में चुल्हा नहीं जलता, प्रतिदिन करीब 4000 लोगों का खाना बनाया जाता है, जिसमें अलग-अलग दिन अलग-अलग भोजन की व्यवस्था रहती है, इसके साथ जिस दूध से मक्खन तैयार किया जाता है, उसकी छाछ बनाकर लोगों को भोजन के साथ परोसी जाती है ।।